जालंधर (चोपड़ा): पंजाब सरकार द्वारा भीषण गर्मी और हीट वेव को देखते हुए आज से सरकारी दफ्तरों और शिक्षण संस्थानों के समय में बदलाव लागू कर दिया गया है। नए आदेशों के अनुसार अब पंजाब और चंडीगढ़ स्थित सभी सरकारी कार्यालय सुबह 7.30 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक कार्य करेंगे। सरकार के इस फैसले से लोगों और कर्मचारियों को दोपहर की तेज गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है, लेकिन इसके साथ ही कई व्यावहारिक दिक्कतें भी सामने होनी तय हैं।
नए समय के लागू होने के बाद अब अधिकारियों और कर्मचारियों को सुबह 7.30 बजे तक अपने-अपने कार्यालयों में पहुंचना अनिवार्य होगा। खासकर दूर दराज इलाकों से जिला प्रशासनिक कार्यालयों और अन्य सरकारी दफ्तरों में आने वाले कर्मचारियों के लिए यह बड़ा चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है। कई कर्मचारियों को सुबह जल्दी घर से निकलना पड़ रहा है ताकि वे समय पर कार्यालय पहुंच सकें।
इसी तरह आम लोगों को भी अपने सरकारी कार्य करवाने के लिए पहले की तुलना में काफी जल्दी घर से निकलना पड़ेगा। ग्रामीण क्षेत्रों और बाहरी इलाकों से आने वाले लोगों को बसों और अन्य सार्वजनिक ट्रांसपोर्ट के समय के कारण परेशानी झेलनी पड़ सकती है। कई लोगों का कहना है कि सुबह इतनी जल्दी सरकारी दफ्तर पहुंचना उनके लिए आसान नहीं होगा।
महिला कर्मचारियों के लिए सरकारी दफ्तरों का नया समय कई नई चुनौतियां भी लेकर आया है। सुबह 7:30 बजे कार्यालय पहुंचना अनिवार्य होने के कारण कामकाजी महिलाओं को अब पहले से काफी जल्दी उठकर घर और दफ्तर दोनों की जिम्मेदारियां संभालनी पड़ रही हैं।
अधिकांश महिला कर्मचारियों को सुबह बच्चों को स्कूल के लिए तैयार करना, उनका टिफिन बनाना और घर के अन्य जरूरी काम निपटाने होते हैं। कई महिलाओं ने कहा कि स्कूलों के समय और सरकारी कार्यालयों के नए समय में तालमेल बैठाना उनके लिए मुश्किल साबित हो रहा है।
इसके अलावा घर में बुजुर्गों की देखभाल, सुबह का खाना तैयार करना, सफाई और घरेलू व्यवस्थाओं का संचालन भी महिलाओं की बड़ी जिम्मेदारी होती है। कई परिवारों में महिलाओं को ही पूरे घर की दिनचर्या संभालनी पड़ती है, ऐसे में सुबह जल्दी दफ्तर पहुंचने का दबाव उनकी परेशानी बढ़ा सकता है। हालांकि कई महिला कर्मचारियों का मानना है कि दोपहर की भीषण गर्मी से राहत जरूर मिलेगी, लेकिन सुबह की भागदौड़ और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच संतुलन बनाना अब पहले से अधिक चुनौतीपूर्ण हो जाएगा।
वहीं सरकार का मानना है कि यह फैसला लोगों को गर्मी से राहत देने के लिए लिया गया है। पिछले कई दिनों से पंजाब में तापमान लगातार बढ़ रहा है और दोपहर के समय लू जैसे हालात बने हुए हैं। ऐसे में दोपहर से पहले दफ्तर बंद होने से कर्मचारियों और आम जनता को भीषण गर्मी से काफी राहत मिलेगी।
कुछ कर्मचारियों ने कहा कि सुबह का मौसम अपेक्षाकृत ठंडा रहने के कारण कामकाज में आसानी रहेगी और दोपहर की तपती गर्मी में सफर नहीं करना पड़ेगा। सरकार द्वारा सभी विभागों को नए समय का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। कई सरकारी कार्यालयों में नए समय संबंधी नोटिस भी लगाए गए हैं ताकि लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।















