नई दिल्ली: देश भर में घरेलू LPG ग्राहकों के लिए 1 अक्टूबर से एक बड़ा बदलाव लागू होने जा रहा है। केंद्र सरकार के नए नियमों के तहत, LPG सिलेंडर पर सरकारी सब्सिडी पाने के लिए बायोमेट्रिक e-KYC पूरा करना ज़रूरी कर दिया गया है। अगर कोई ग्राहक तय समय के अंदर यह प्रक्रिया पूरी नहीं करता है, तो गैस सिलेंडर की बुकिंग या सप्लाई तो नहीं रोकी जाएगी; लेकिन, उन्हें सरकारी सब्सिडी मिलनी बंद हो जाएगी। नतीजतन, ग्राहक को भरे हुए सिलेंडर बाज़ार भाव पर खरीदने होंगे।
सरकार के इस कदम का मुख्य मकसद सब्सिडी के गलत इस्तेमाल को रोकना है। पेट्रोलियम मंत्रालय के अनुसार, बायोमेट्रिक e-KYC को अनिवार्य करने से कई फायदे होंगे।
इससे यह सुनिश्चित होगा कि सब्सिडी का लाभ सिर्फ़ असली और पात्र परिवारों तक ही पहुँचे। नकली या बोगस गैस कनेक्शन आसानी से पहचाने और रद्द किए जा सकेंगे। साथ ही, कमर्शियल और इंडस्ट्रियल सेक्टर में सब्सिडी वाले घरेलू सिलेंडरों का गैर-कानूनी इस्तेमाल पूरी तरह से बंद हो जाएगा।
वहीं जिन ग्राहकों ने पहले ही अपना बायोमेट्रिक e-KYC पूरा कर लिया है, उन्हें यह प्रक्रिया दोबारा करने की ज़रूरत नहीं है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, 19 सितंबर तक देश भर में लगभग 27.43 करोड़ एक्टिव घरेलू LPG ग्राहकों ने अपना बायोमेट्रिक e-KYC सफलतापूर्वक पूरा कर लिया था।
















