भाजपा बताए क्या भाखड़ा और रणजीत सागर डैम की ‘डी-सिल्टिंग’ की मंज़ूरी न देना पंजाब को ‘डुबाने’ की साज़िश है?- नील गर्ग
चंडीगढ़:आम आदमी पार्टी (‘आप’) के सीनियर प्रवक्ता नील गर्ग ने पंजाब में आई भयानक बाढ़ के लिए केंद्र की भाजपा सरकार पर ‘राजनीतिक लापरवाही’ का दोष लगाया। नील गर्ग ने कहा कि पंजाब में हुए हज़ारों करोड़ रुपये के नुकसान वाली तबाही का सबसे बड़ा कारण केंद्र सरकार द्वारा भाखड़ा डैम और रणजीत सागर डैम की ‘डी-सिल्टिंग’ (गाद निकालने) की मंज़ूरी न देना है।
शुक्रवार को एक बयान जारी करते हुए नील गर्ग ने कहा कि आज पंजाब के किसानों की आँखों में आँसू हैं और खेतों में पानी खड़ा है। उन्होंने कहा कि रावी और सतलुज के किनारों पर बसने वाले लाखों लोग उजड़ गए हैं, पर इसके बावजूद केंद्र की बीजेपी सरकार अभी भी सो रही है।
‘आप’ प्रवक्ता ने कहा कि भाखड़ा डैम और रणजीत सागर डैम पंजाब का भविष्य हैं। इन डैमों में बहुत ज़्यादा गाद (सिल्ट) भर चुकी है जो कि हमारे भविष्य के लिए खतरा बन चुकी है। नील गर्ग ने एक अखबार की बड़ी रिपोर्ट का हवाला दिया जिसमें बताया गया है कि केंद्र सरकार ने डी-सिल्टिंग की मंज़ूरी ही नहीं दी। जिसका नतीजा आज सभी के सामने है कि किस तरह पंजाब में आई भयंकर बाढ़ों के कारण हज़ारों करोड़ रुपये का नुकसान हो गया।
नील गर्ग ने पंजाब भाजपा लीडरशिप की तीखी आलोचना करते हुए कहा कि बीजेपी के लीडरों को सिवाय फोटो सेशन के और कोई काम नहीं है। उन्होंने दोष लगाया कि वे लोगों को गुमराह कर रहे हैं और झूठ बोल रहे हैं। पिछले दिनों पंजाब भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष अश्वनी शर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके बाढ़ों के लिए सारा दोष पंजाब की सरकार के ज़िम्मे मढ़ा, जबकि असलियत यह है कि डी-सिल्टिंग की मंज़ूरी केंद्र सरकार ने देनी होती है, जो दी ही नहीं गई। उन्होंने कहा कि जब तक केंद्र सरकार डी-सिल्टिंग की मंज़ूरी नहीं देती, तब तक कोई भी काम नहीं हो सकता।
नील गर्ग ने पंजाब की बीजेपी लीडरशिप से सवाल करते हुए पूछा कि क्या यही है आपका ‘सब का साथ सब का विकास’? क्या यह पंजाब के खिलाफ़ एक साज़िश नहीं है? क्या यह पंजाब को डुबाने या बर्बाद करने की साज़िश नहीं है? उन्होंने पंजाब बीजेपी के लीडरों से मांग की कि वह लोगों को बताएं कि केंद्र सरकार ने भाखड़ा डैम और रणजीत सागर डैम की डी-सिल्टिंग की मंज़ूरी क्यों नहीं दी
















