केंद्र ने पंजाब की मंडियों में पड़ा पुराना स्टॉक 20 सितंबर तक उठाने की सहमति जताई: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
पंजाब सरकार ने धान की खरीद संबंधी तैयारियां तेज कीं; किसानों को अपनी फसल बेचने में कोई दिक्कत नहीं आएगी: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
केंद्र से किसानों की फसलों का समय पर भुगतान सुनिश्चित करने की अपील की: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
पंजाब देश का अन्न भंडार; राज्य इस वर्ष 170 लाख मीट्रिक टन गुणवत्तापूर्ण चावल की आपूर्ति करेगा: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने दिल्ली में केंद्रीय खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रहलाद जोशी और बिजली मंत्री मनोहर लाल खट्टर से मुलाकात कर पंजाब के मुद्दों पर चर्चा की
नई दिल्ली; 8 अगस्त 2026: धान के खरीद सीजन से पहले बड़ी राहत देते हुए केंद्र सरकार पंजाब की मंडियों में पड़े 18 लाख मीट्रिक टन (एल.एम.टी.) अनाज के पुराने स्टॉक को 20 सितंबर तक उठाने के लिए सहमत हो गई है, जिससे राज्य में धान की संभावित बंपर फसल के भंडारण के लिए आवश्यक जगह खाली हो जाएगी। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने दिल्ली में केंद्रीय खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रहलाद जोशी और केंद्रीय बिजली मंत्री मनोहर लाल खट्टर से मुलाकात कर पंजाब से संबंधित मुद्दे उठाए। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने धान की निर्बाध खरीद और किसानों को समय पर भुगतान सुनिश्चित करने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं और साथ ही कहा कि किसानों को अपनी फसल बेचने में कोई मुश्किल नहीं आएगी।
यह कहते हुए कि इस वर्ष पंजाब द्वारा 170 लाख मीट्रिक टन गुणवत्तापूर्ण चावल उपलब्ध करवाए जाने की उम्मीद है, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पर्याप्त भंडारण स्थान और उचित खरीद प्रबंध सुनिश्चित करना न केवल पंजाब के किसानों के लिए बल्कि देश की खाद्य सुरक्षा के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है।
खरीफ विपणन सीजन (के.एम.एस.) 2025-26 के चावल की डिलीवरी के लिए आवश्यक भंडारण स्थान बनाने की तत्काल आवश्यकता पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “केंद्रीय खाद्य मंत्री प्रहलाद जोशी के साथ अपनी मुलाकात के दौरान मैंने पंजाब से 18 लाख मीट्रिक टन चावल तुरंत उठाने की मांग की। उन्होंने कहा कि खरीफ विपणन सीजन 2025-26 के स्टॉक का चावल केंद्रीय पूल में पहुंचाने के लिए पहले उचित भंडारण स्थान बनाना बेहद जरूरी है। फूड कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एफ.सी.आई.) के पास जगह की लगातार कमी के बावजूद, हमारी राज्य खरीद एजेंसियों ने अब तक एफ.सी.आई. को 86 लाख मीट्रिक टन चावल सफलतापूर्वक उपलब्ध करवा दिया है।”
खरीफ विपणन सीजन के लिए समय पर तैयारियों के महत्व पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “18 लाख मीट्रिक टन जगह की उपलब्धता यह सुनिश्चित करेगी कि लंबित चावल को जल्द से जल्द एफ.सी.आई. को पहुंचाया जाए। 2025-26 सीजन के चावल की डिलीवरी समय पर पूरी करने से आने वाले सीजन के लिए चावल मिलर्स को भी प्रोत्साहन मिलेगा। पंजाब केंद्र की इंप्रूव्ड राइस संबंधी प्रमुख योजना में योगदान देने में अग्रणी रहा है और पहले ही एफ.सी.आई. को 11.70 लाख मीट्रिक टन से अधिक इंप्रूव्ड राइस उपलब्ध करवा चुका है।”
केंद्रीय खाद्य मंत्री को आगामी खरीद सीजन के लिए पंजाब सरकार द्वारा समय पर की जा रही तैयारियों के बारे में अवगत करवाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “हमारे किसानों की कड़ी मेहनत के परिणामस्वरूप राज्य में इस वर्ष 180 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद के साथ एक और बंपर फसल होने की उम्मीद है।”
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “हमारे किसानों के लिए एक और निर्बाध खरीद अनुभव की तैयारियों को सुनिश्चित किया जा रहा है। मैंने केंद्र से यह भी अनुरोध किया है कि केंद्र की कल्याणकारी योजनाओं के तहत चावल मिलों और मंडी यार्डों में पड़े 27 लाख मीट्रिक टन गेहूं को राज्य से दूसरे उपभोक्ता राज्यों में तुरंत उठाना सुनिश्चित किया जाए। यह खरीफ सीजन 2026-27 के दौरान आने वाले धान के लिए सर्वोत्तम भंडारण स्थान सुनिश्चित करेगा।”
इस अवसर पर मुख्य सचिव के.ए.पी. सिन्हा, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव डॉ. रवि भगत और अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।

















