– दूध सैंपलिंग अभियान के दौरान एकत्र किए गए कुल 204 दूध के सैंपलों में से 68 सैंपल गुणवत्ता मानकों पर फेल पाए गए और एक सैंपल असुरक्षित पाया गया : डॉ. बलबीर सिंह
– उल्लंघन करने वालों के खिलाफ फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी: स्वास्थ्य मंत्री
चंडीगढ़:
सुरक्षित और मानक खाद्य उत्पादों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निरंतर प्रयासों के तहत, फूड एंड ड्रग्स एडमिनिस्ट्रेशन (एफडीए) पंजाब ने पूरे राज्य में दो दिवसीय व्यापक पनीर सैंपलिंग अभियान चलाया।
पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह के निर्देशों और एफडीए पंजाब के कमिश्नर कंवलप्रीत बराड़ की निगरानी में सोमवार और मंगलवार को चलाए गए इस अभियान के तहत डेयरी सप्लाई चेन के विभिन्न पहलुओं पर ध्यान केंद्रित किया गया।
डॉ. बलबीर सिंह ने बताया कि इस अभियान के तहत पूरे राज्य की स्थानीय डेयरियों की जांच की गई, जिसके दौरान शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में डेयरियों, प्रोसेसिंग यूनिटों और खुदरा दुकानों से पनीर के 211 सैंपल लिए गए।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि लिए गए सैंपलों को किसी भी प्रकार की मिलावट और निर्धारित मानकों के अनुपालन की जांच के लिए मान्यता प्राप्त स्टेट फूड लैबोरेटरी में भेजा गया है। उन्होंने सख्त चेतावनी देते हुए कहा, “नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी फूड बिजनेस ऑपरेटर (एफबीओ) के खिलाफ फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट, 2006 के प्रावधानों के अनुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”
डॉ. बलबीर सिंह ने लोगों से सतर्क रहने और संबंधित अधिकारियों को खाद्य पदार्थों में मिलावट के किसी भी संदिग्ध मामले की सूचना देकर इस मिशन में सहयोग करने की अपील भी की।
उल्लेखनीय है कि इस पनीर सैंपलिंग अभियान से पहले एफडीए पंजाब द्वारा 6 और 7 मई 2026 को दो दिवसीय राज्य स्तरीय दूध सैंपलिंग अभियान भी चलाया गया था।
दूध सैंपलिंग अभियान के परिणाम साझा करते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि इस दौरान दूध के कुल 204 सैंपल एकत्र किए गए, जिनमें से 68 सैंपल गुणवत्ता मानकों पर फेल पाए गए, जबकि एक नमूना असुरक्षित पाया गया।
सप्लाई चेन से मिलावटी दूध को खत्म कर जनस्वास्थ्य की रक्षा के प्रति पंजाब सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने पंजाब के लोगों को भरोसा दिलाया कि यह सैंपलिंग अभियान “स्वस्थ और रंगला पंजाब” सुनिश्चित करने के लिए आने वाले हफ्तों में भी लगातार जारी रहेगा।
विभाग की सतर्कता के प्रति प्रतिबद्धता पर जोर देते हुए एफडीए कमिश्नर कंवलप्रीत बराड़, आईएएस ने कहा कि फूड सेफ्टी अधिकारी (एफएसओ) न केवल कानून लागू कर रहे हैं, बल्कि फूड बिजनेस ऑपरेटरों को स्वच्छता और उचित भंडारण संबंधी तरीकों के बारे में भी जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि नागरिकों के हित में डेयरी क्षेत्र में उच्च मानकों को बनाए रखना बेहद आवश्यक है।
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