
नेशनल डेस्क: कांग्रेस ने सोमवार को आरोप लगाया कि अयोध्या स्थित राम मंदिर से चढ़ावे की कथित चोरी के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की “चुप्पी” देश के करोड़ों लोगों की धार्मिक आस्था पर ”सीधा आघात” है। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यह भी कहा कि इस मामले पर प्रधानमंत्री मोदी को अपनी चुप्पी तोड़नी चाहिए। उन्होंने उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय द्वारा ‘एक्स’ पर किए एक पोस्ट को रीपोस्ट करते हुए कहा कि श्रीराम मंदिर में कथित ”लूट” पर प्रधानमंत्री की चुप्पी लोगों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली है। उन्होंने आरोप लगाया, “मोदी सरकार ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट का गठन बिना किसी पारदर्शी मानदंड और जन-परामर्श के किया तथा इसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े लोगों को जगह दी।”
रमेश ने यह भी दावा किया कि बाद में पूरे ट्रस्ट को सूचना के अधिकार (आरटीआई) कानून के दायरे से बाहर कर दिया गया। कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री से इस मुद्दे पर अपनी ”चुप्पी तोड़ने” की मांग की। अजय राय ने ‘एक्स’ पर पोस्ट कर आरोप लगाया कि अयोध्या में राम मंदिर के दर्शन-पूजन के लिए जाने से पहले उन्हें पुलिस ने हिरासत में ले लिया। उन्होंने इसे भाजपा सरकार की “तानाशाही” करार दिया। राय ने दावा किया, “उत्तर प्रदेश कांग्रेस का एक प्रतिनिधिमंडल 30 जून को अयोध्या में प्रभु श्रीराम के दर्शन-पूजन के लिए जाने वाला था। मैं अयोध्या पहुंचा ही था कि भाजपा सरकार इतनी डर गई कि पुलिस मुझे होटल से गिरफ्तार कर अपनी जीप में बैठाकर ले जा रही है।” कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि अयोध्या में जमीन घोटालों और चढ़ावे की चोरी में शामिल लोगों को “राम भक्तों के आने से डर” लग रहा है। उन्होंने भाजपा पर “आस्था पर पहरा देने” का आरोप लगाते हुए इस कार्रवाई को “कायरतापूर्ण” और “निंदनीय” बताया। राय ने कहा, “हम न रुकेंगे, न झुकेंगे।”





















